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हालिया वर्षों में नॉर्डिक देशों को भारत की ओर से निर्यात में काफी बढ़ोतरी हुई है: पीयुष गोयल

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नई दिल्ली, 23नवंबर। केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग, उपभोक्ता मामले, खाद्य व सार्वजनिक वितरण और वस्त्र मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि हालिया वर्षों के दौरान नॉर्डिक क्षेत्रों में भारत की ओर से निर्यात में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है। उन्होंने गुरूवार को नई दिल्ली में दूसरे सीआईआई भारत नॉर्डिक-बाल्टिक व्यापार संगोष्ठी- 2023 को संबोधित किया।

केंद्रीय मंत्री ने इसका उल्लेख किया कि साल 2018-19 से 2022-23 की अवधि में नॉर्डिक क्षेत्र में भारत की ओर से निर्यात में 39 फीसदी से अधिक की बढ़ोतरी हुई है और फिनलैंड व नॉर्वे को किए जाने वाले निर्यात में क्रमशः 100 फीसदी और 80 फीसदी से अधिक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। केंद्रीय मंत्री ने इस बात को रेखांकित किया कि हालिया वर्षों में इस क्षेत्र का भारत के साथ संबंध में नजदीकी बढ़ी है। उन्होंने आगे बताया कि नॉर्डिक-बाल्टिक क्षेत्र में भारतीय व्यंजन, बॉलीवुड, योग, आयुर्वेद और वस्त्र काफी लोकप्रिय हैं।
गोयल ने अपने संबोधन में कहा कि नॉर्डिक-बाल्टिक देशों के पास सर्वश्रेष्ठ नवाचार, हरित तकनीक, एआई और ब्लॉकचेन-आधारित रूपांतरण, आपूर्ति श्रृंखला लॉजिस्टिक्स और फिनटेक हैं। उन्होंने बताया कि ये ऐसे क्षेत्र हैं, जहां भारत के साथ सहयोग की काफी बड़ी संभावना है, क्योंकि भारत ने विशाल खनिज संसाधनों और प्रतिभाओं के साथ एक आर्थिक महाशक्ति होने के अलावा इन क्षेत्रों में काफी प्रगति की है। नॉर्डिक देशों के नेताओं की उपस्थिति में  गोयल ने कहा कि यह वैश्विक चुनौतियों व अवसरों के लिए समान दृष्टिकोण के साथ सहभागिता, नवाचार और साझी समृद्धि का एक रोमांचक युग है।

इसके अलावा  गोयल ने नॉर्डिक-बाल्टिक देशों की कंपनियों को भारत में आयोजित होने वाले आगामी व्यापार मेलों में प्रदर्शन करने, हिस्सा लेने और सहयोग करने के लिए भी आमंत्रित किया। उन्होंने आगे बताया कि भारतटेक्स, जो कि 26 फरवरी, 2024 से शुरू होकर 29 फरवरी, 2024 तक संचालित होगा, इसमें लगभग 40 देशों के 3,500 से अधिक प्रदर्शक हिस्सा लेंगे। भारत मोबिलिटी शो 1 फरवरी से 3 फरवरी, 2024 तक संचालित होगा और इसमें ऑटो मेले का प्रदर्शन किया जाएगा। इसकी प्रमुख विशेषता इलेक्ट्रिकल हिस्सा होगा।

इस अवसर पर आइसलैंड के विदेश मंत्रालय स्थित जलवायु के लिए विशेष दूत  बेनेडिक्ट होस्कुलडसन, एस्टोनिया के आर्थिक और विकास मामलों की उप मंत्री  मारिन रत्निक, लातविया के लातवियाई अर्थव्यवस्था मंत्रालय में संसदीय सचिव  जर्गिस मिजेनिस, लिथुआनिया के विदेश मामलों के उप मंत्री  एगिडिजस मिलुनास, नार्वे के उप विदेश मंत्री  एंड्रियास मोत्जफेल्ट क्रेविक, फिनलैंड के विकास सहयोग व विदेश व्यापार मंत्री  विले ताविओ, स्वीडन के वित्तीय बाजार मंत्री  निकलस विकमैन और फरो आइलैंड्स के प्रधानमंत्री  अक्सेल विल्हेमसन जोहान्सन ने भारत के साथ नॉर्डिक देशों के संबंधों पर अपने-अपने विचारों को व्यक्त किया।