Online News Portal for Daily Hindi News and Updates with weekly E-paper

नेपाल में भारत के UPI की धूम, 6 महीने से भी कम समय में एक लाख से ज्यादा ट्रांजेक्शन

74
Tour And Travels

नई दिल्ली
अपने देश का यूपीआई अब विदेशों में भी परचम लहरा रहा है। नेपाल में यूपीआई से ट्रांजेक्शन का तरीका लोगों को काफी पसंद आ रहा है। यही कारण है कि इसने नेपाल में ट्रांजेक्शन का रिकॉर्ड बना दिया है। नेपाल में 6 महीने से भी कम समय में एक लाख से ज्यादा क्रॉस बॉर्डर UPI ट्रांजेक्शन हुआ है। यह ट्रांजेक्शन पर्सन-टू-मर्चेंट (P2M) हुआ है। बता दें कि NIPL ने फोनेपे के साथ मिलकर यह सेवा मार्च 2024 में शुरू की थी। NIPL नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) की एक अंतरराष्ट्रीय शाखा है। एक दिन पहले ही मालदीव ने भी UPI को लेकर भारत के साथ एक समझौता किया है। अब वहां भी लोग UPI के जरिए पेमेंट कर पाएंगे।

भारतीय भी कर सकते हैं नेपाल में पेमेंट
नेपाल के साथ समझौते के अनुसार भारतीय भी वहां यूपीआई के जरिए किसी भी मर्चेंट को पेमेंट कर सकते हैं। एनपीसीआई इंटरनेशनल के प्रवक्ता ने एक बयान में कहा कि नेपाल आने वाले विदेशियों में सबसे ज्यादा संख्या भारतीयों की होती है। इस कारण नेपाल में यूपीआई ट्रांजेक्शन में काफी बढ़ोतरी हुई है। वहीं नेपाल से आने वाले लोग भी भारत में पेमेंट के लिए यूपीआई का इस्तेमाल कर सकते हैं। यह इस्तेमाल किसी स्टोर पर पेमेंट करने, यात्रा बुकिंग करने, ऑनलाइन शॉपिंग, एंटरटेनमेंट, होटल आदि जगह पर किया जा सकता है। इससे पेमेंट पर कोई एक्स्ट्रा चार्ज नहीं लगता।

रुपे कार्ड को भी किया शुरू
एनआईपीएल ने नेपाल में रुपे कार्ड को चालू करने के लिए नेपाल एसबीआई बैंक लिमिटेड (एनएसबीएल) के साथ सहयोग किया है। इससे दोनों देशों के बीच सीमा पार वित्तीय लेनदेन में और वृद्धि होगी।

यूपीआई के जरिए कई देशों में लेन-देन
यूपीआई को एनपीसीआई द्वारा विकसित किया गया है। यूपीआई मोबाइल फोन के माध्यम से बैंकों के बीच ट्रांजेक्शन को काफी आसान बना देता है। आप अपने अकाउंट से दूसरे अकाउंट में तुरंत पैसा भेज सकते हैं। भारत की UPI सर्विस कई देशों में चालू है। इनमें भूटान, नेपाल, मॉरीशस, सिंगापुर, फ्रांस, श्रीलंका और यूएई शामिल हैं। अब इस लिस्ट में मालदीव भी जुड़ गया है।

यूपीआई पेमेंट में सालाना 45 फीसदी की वृद्धि
एनपीसीआई की रिपोर्ट के अनुसार यूपीआई के माध्यम से पेमेंट में सालाना 45 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई है। वहीं ट्रांजेक्शन के मूल्य में भी 35 फीसदी से अधिक की वृद्धि हुई है। जुलाई में यह कुल 20.64 लाख रुपये हो गया है। यह लगातार तीसरा महीना है जब कुल लेनदेन करीब 20 लाख करोड़ रुपये के पार हुआ है। जून 2024 में कुल यूपीआई लेनदेन मूल्य 20.07 लाख करोड़ रुपये, मई में 20.44 लाख करोड़ रुपये था। जुलाई 2024 में यूपीआई के माध्यम से औसत दैनिक लेनदेन मूल्य करीब 66,590 करोड़ रुपये था।