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रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने मणिपुर भूस्खलन में मारे गए सशस्त्र बलों के जवानों की ‘बेंगडुबी सैन्‍य स्टेशन’ को सम्मानित किया

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दार्जिलिंग के बेंगडुबी सैन्‍य स्टेशन में आयोजित कार्यक्रम में श्री राजनाथ सिंह ने कहा कि देश हमेशा अपने सैनिकों के बलिदान का ऋणी रहेगा।

उन्‍होंने परिवारों को रक्षा मंत्रालय के पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया

रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने मणिपुर के तुपुल में हाल ही में हुए भूस्खलन में अपनी जान गंवाने वाले सशस्त्र बलों के जवानों की ‘वीर नारियों’ को आज सम्मानित किया। त्रिशक्ति कोर द्वारा पश्चिम बंगाल के दार्जिलिंग जिले के बेंगदुबी सैन्य स्टेशन में सम्मान समारोह का आयोजन किया गया था। 107 इन्फैंट्री बटालियन (प्रादेशिक सेना) 11 गोरखा राइफल्स के तीस कर्मियों – एक अधिकारी, तीन जूनियर कमीशंड अधिकारी और 26 अन्य रैंक – जून में हुई त्रासदी के दौरान मारे गए 61 व्‍यक्तियों में शामिल थे। रक्षा मंत्री ने प्रत्येक ‘वीर नारी’ को सात लाख रुपये का चेक प्रदान किया। इस त्रासदी में घायल हुए 13 जवानों को भी सम्मानित किया गया।

वीर नारियों और सैनिकों के साथ बातचीत के दौरान, श्री राजनाथ सिंह ने शहीद जवानों की बहादुरी और समर्पण की सराहना करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि राष्‍ट्र हमेशा इन जवानों के बलिदान का ऋणी रहेगा। उन्होंने रक्षा मंत्रालय की पूरी सहायता का आश्वासन देते हुए कहा कि सरकार बहादुर सैनिकों के परिवारों और आश्रितों को वित्तीय स्थिरता प्रदान करना सुनिश्चित कर रही है। उन्‍होंने चुनौतीपूर्ण स्थिति में जिरीबाम-तुपुल-इंफाल रेल लाइन परियोजना को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए भी सशस्त्र बलों की सराहना की। श्री राजनाथ सिंह ने कहा कि यह परियोजना देश की रणनीतिक और सामाजिक-आर्थिक जरूरतों को पूरा करने के लिए बहुत महत्वपूर्ण है।

वीर नारियों और सैनिकों ने अपना आभार व्यक्त करते हुए युवाओं को सशस्त्र बलों में शामिल होने के बारे में प्रेरित करने के लिए रक्षा मंत्रालय और भारतीय सेना द्वारा की गई पहल की सराहना की।

इस अवसर पर दार्जिलिंग के सांसद श्री राजू बिस्ता, थल सेनाध्यक्ष जनरल मनोज पांडे, जीओसी 111 सब एरिया लेफ्टिनेंट जनरल तरुण कुमार आइच और भारतीय सेना के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

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