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सेंसर बोर्ड ने हाईकोर्ट से कहा, ‘इमरजेंसी’ फिल्म केवल कट्स के साथ ही हो सकती है रिलीज़

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कंगना रनौत की फिल्म ‘इमरजेंसी’ की रिलीज में अभी और देरी होने की संभावना है। केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) ने गुरुवार को बॉम्बे हाई कोर्ट को बताया कि उसे फिल्म की रिलीज पर ऐतराज नहीं है, लेकिन मेकर्स को इसमें कुछ कट्स लगाने होंगे। दिलचस्‍प बात ये है कि सेंसर बोर्ड का कोर्ट में यह जवाब तब आया है, जब एक हालिया इंटरव्यू में कंगना ने साफ कहा था कि वह पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी पर बनी अपनी फिल्म के किसी भी हिस्से में कोई कट नहीं लगाएंगी। एक्‍ट्रेस ने यहां तक कहा कि उन्‍होंने दृढ़ संकल्‍प लिया है कि वह 'इमरजेंसी' को उसी तरह रिलीज करेंगी, जैसी उन्‍होंने बनाई है।

जस्‍ट‍िस बीपी कोलाबावाला और फिरदौस पूनीवाला की बेंच ने पिछले हफ्ते सेंसर बोर्ड को फटकार लगाते हुए 'इमरजेंसी' की रिलीज पर जवाब मांगा था। कोर्ट ने कहा था कि बोर्ड अपना मन बनाए और बताए कि फिल्म को प्रमाण पत्र जारी करने पर उसका क्‍या रुख है। बेंच ने सेंसर बोर्ड से कहा कि क्‍या CBFC तटस्थ नहीं रह सकता और उसे फैसला करने की जरूरत है, वरना यह अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर अंकुश लगाने के बराबर होगा।

सेंसर बोर्ड ने कहा- कुछ कट्स लेंगे, तभी रिलीज हो पाएगी फिल्‍म
हाई कोर्ट ने सेंसर बोर्ड को 25 सितंबर तक फिल्‍म की रिलीज पर फैसला लेने को कहा था। ऐसे में गुरुवार को बेंच ने बोर्ड से पूछा कि उसने क्या फैसला किया है। CBFC के वकील अभिनव चंद्रचूड़ ने कोर्ट से कहा, 'समिति ने फिल्‍म को सर्टिफिकेट जारी करने और फिल्म को रिलीज करने से पहले कुछ कट्स लगाने के सुझाव दिए हैं।'

प्रोड्यूसर के वकील ने मांगा समय, अगली सुनवाई 30 सितंबर को
गुरुवार को सुनवाई के दौरान फिल्म के को-प्रोड्यूसर्स जी स्‍टूडियो की ओर से पेश वरिष्ठ वकील शरण जगतियानी ने कोर्ट से समय मांगा है। उन्‍होंने कहा कि हमें यह फैसला लेने के लिए कुछ समय चाहिए कि हमारी फिल्‍म में कट लगाए जा सकते हैं या नहीं। इसके बाद अदालत ने अगली सुनवाई के लिए 30 सितंबर की तारीख मुकर्रर की।

6 सितंबर को रिलीज होने वाली थी 'इमरजेंसी'

कंगना रनौत की 'इमरजेंसी' 6 सितंबर को रिलीज होने वाली थी। वह इसमें तत्‍कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के रोल में हैं। सेंसर बोर्ड से सर्टिफिकेट नहीं मिलने के कारण यह पोस्‍टपोन हो गई। फिल्‍म के निर्माताओं ने पिछली सुनवाई में सेंसर बोर्ड पर आरोप लगाया कि वह जान बूझकर फिल्‍म की रिलीज में बाधा डाल रही है।

सिख संगठनों ने 'इमरजेंसी' पर लगाए हैं आरोप

गौरतलब है कि शिरोमणि अकाली दल सहित कुछ सिख संगठनों ने 'इमरजेंसी' की रिलीज पर आपत्ति जताई। आरोप लगाया कि यह फिल्‍म सिख समुदाय को गलत तरीके से पेश कर रही है और ऐतिहासिक तथ्यों से छेड़छाड़ हुई है। दिलचस्‍प है कि कंगना रनौत इस फिल्‍म की लीड एक्‍ट्रेस होने के साथ ही इसकी डायरेक्‍टर और को-प्रोड्यूसर भी हैं। वह केंद्र में सत्तासीन भारतीय जनता पार्टी की सांसद भी हैं।