
धमतरी, 29 मई ( हि. स.)। पत्नी के चरित्र पर शंका कर पति द्वारा दूसरी पत्नी घर लाने से नाराज पत्नी घर छोड़कर सहेली के घर चली गई। इसे मनाने पति जब वहां गया तो उसने आने से मना कर दिया। इससे तैश में आकर उसके पति ने हंसिया व पत्थर से सिर व अन्य अंगों में वार कर पत्नी की दर्दनाक हत्या कर दी। घटना के बाद आरोपित पति को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
सिटी कोतवाली पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार शहर के रामसागर पारा निवासी प्रमोद कुमार कुर्रे (36) अपनी पत्नी फुलकेसरी बाई कुर्रे (32) वर्ष के चरित्र पर शंका करता था। इसलिए वह दो दिन पहले दूसरी पत्नी घर ले आया। इससे पति-पत्नी के बीच विवाद शुरू हो गया। 28 मई को फुलकेसरी बाई पति से विवाद कर नाराज होकर महिमासागर वार्ड निवासी अपनी सहेली तीजबती ढीमर के घर शाम को चली गई। पता होने पर पति प्रमोद कुर्रे 29 मई की सुबह उसे लाने महिमा सागर वार्ड पहुंचा। पत्नी को उसने घर चलने कहा, किंतु फुलकेसरी बाई ने घर जाने से मना कर दिया। इससे तैश में आकर प्रमोद कुमार ने वहां पड़े हंसिया से अपनी पत्नी फुलकेसरी बाई कुर्रे के गर्दन, सिर व हाथ में ताबड़तोड़ वार कर दिया। जिससे मौके पर ही फुलकेसरी बाई कुर्रे की दर्दनाक मौत हो गई।
घटना की जानकारी वार्डवासियों ने सिटी पुलिस में दी, तो मौके पर पुलिस पहुंचकर आरोपित प्रमोद कुमार कुर्रे को तत्काल हिरासत में लेकर पूछताछ किया। आरोपित के कब्जे से पुलिस ने घटना में प्रयुक्त धारदार हंसिया, खून से सने पत्थर, कपड़े व प्रयुक्त मोटरसाइकिल सीडी डीलक्स क्रमांक सीजी 04 डीजे 9702 को जब्त किया। मौके पर सहेली तीजबती ढीमर निवासी महिमा सागर वार्ड धमतरी की शिकायत पर आरोपित प्रमोद कुर्रे के खिलाफ पुलिस ने हत्या की धारा 302 के तहत जुर्म दर्ज कर आगे की जांच में जुट गई है। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। यहां पोस्टमार्टम के बाद शव अंतिम अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया। इधर आरोपित को पुलिस रिमांड के लिए न्यायालय के समक्ष पेश कर जेल भेज दिया है। एएसपी मनीषा ठाकुर रावटे, डीएसपी रागिनी तिवारी भी मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किये तथा भौतिक साक्ष्य एकत्रित करने निर्देशित किए।
पुलिस ने बताया कि मृतिका नगर निगम के अंतर्गत डोर टू डोर कचरा उठाने व मणिकंचन केंद्र में काम करती थी। मृतिका के तीन बच्चे हैं। अब मां की मौत होने और पिता के जेल जाने के बाद तीनों बच्चों के लालन-पालन की समस्या आ खड़ी हो गई। इसकी जानकारी पुलिस जिला बाल संरक्षण विभाग को देगी।